Vakrasana Kaise Karte Hai? वक्रासन करने की विधि और फायदे

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Vakrasana Kaise Karte Hai

Vakrasana Kaise Karte Hai?

Hi friends! क्या आपको पता है कि Vakrasana Kaise Karte Hai? आज के समय में बहुत से लोग मोटापे व पेट से जुडी समस्याओं से परेशान हैं. इसका प्रमुख कारण है, ख़राब जीवन शैली, अमर्यादित खानपान, देर रात तक जागना, देरी से उठना, व्यायाम व योग से दूरी, असमय भोजन, असंतुलित आहार और तेलिय पदार्थों का अधिक सेवन.

इन्हीं कारणों से पाचन तंत्र सही नहीं रह पाता है और शरीर को कई तरह की बिमारियों का सामना करना पड़ता है. पाचनक्रिया ठीक न होने पर हम जो भी खाना खाते हैं, वह ऊर्जा में रूपांतरित होने के बजाय, fat में बदल जाता है. इससे मोटापा, कब्ज, तनाव सहित कई असाध्य रोग पैदा होते हैं. इन सभी रोगों से बचने के लिए हमें वक्रासन करना चाहिए.

तो आज मैं आप सभी को इसी आसन के बारे में बताने जा रही हूँ कि Vakrasana Kaise Karte Hai? अगर आप भी Vakrasana Karne ki Vidhi aur Phayde के बारे में पूरी जानकारी चाहते हैं, तो यह लेख अंत तक जरुर पढ़ें.

Vakrasana Meaning in Hindi

फ्रेंड्स सबसे पहले हम बात करते हैं कि Vakrasana Kya Hai? तो मैं बता दूँ कि वक्रासन यानि वक्र के समान शरीर को बनाना ही वक्रासन है. वक्रासन से शरीर के अनेक रोगों को दूर किया जा सकता है.

वक्रासन हमारे शरीर की भौतिक,मानसिक, भावनात्मक एवं आध्यात्मिक शक्तियों का संतुलित रखती है. वक्रासन से शरीर पूरी तरह लचीला एवं निरोग होता है. इस आसन को प्रतिदिन करने से पेट से सम्बंधित समस्याएं दूर होती है. कमर दर्द, गैस आदि रोगों को भी दूर करता है.

यह आसन पाचन को सुचारू रखने और मोटापा को कम करने के लिए भी बेहतर आसन माना गया है. इस आसन को प्रतिदिन 3 से 4 बार करना चाहिए.इसे हर उम्र के व्यक्ति कर सकते है. वक्रासन जमीन पर बैठकर आराम से किया जाने वाला आसन है.

Vakrasana Kaise Karte Hai

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Vakrasana Kaise Karte Hai?

अब हम बात करते हैं कि Vakrasana Kaise Kare? ताकि आप सभी भी जान जाएँ की वक्रासन कैसे किया जाता है. वक्रासन करने की विधि कुछ इस प्रकार है-

  • सबसे पहले दण्डासन में बैठें,फिर दायाँ पैर मोड़कर बायीं जांघ के पास घुटने से सटाकर रखें (अथवा घुटने के ऊपर से दूसरी और भी रख सकते हैं) बायाँ पैर सीधा रहेगा.
  • फिर बाएं हाथ को दायें पैर एवं उदार के बीच से लाकर दायें पैर के पंजे के पास रखेंगे.
  • उसके बाद दाहिने हाथ को कमर के पीछे जमीन पर सीधा रखकर गर्दन को घुमाकर दाहिनी और कंधे के ऊपर से मोड़कर पीछे की और देखें.
  • इसी तरह से दूसरी तरफ भी अभ्यास करना है.
  • वक्रासन आसन को प्रतिदिन कम से कम 4 से 6 बार अभ्यास करना चाहिए. इस आसन को करने से पेट और Liver से सम्बंधित समस्या दूर होती है.


Vakrasana Karne ki Vidhi

आपको पता चल ही गया होगा कि Vakrasana Kaise Karte Hai? तो हम अब वक्रासन करने की कुछ विधियों कके बारे में बात करेंगे.

  • सुबह के समय जब सूर्योदय होने के बाद जब मौसम सुहाना रहता है, उस समय करना चाहिए. वक्रासन खुली और हवादार कमरे में करें.
  • वक्रासन धीमी गति से, आराम दायक ढीले कपडे पहनकर, व आनंद पूर्वक करना चाहिए.
  • सुबह के समय शौच के बाद खाली पेट करें.
  • भोजन करने के 4 घंटे के बाद करें.

वक्रासन करते समय सावधानियां 

  • गर्भवती महिलाओं को वक्रासन नहीं करना चाहिए.
  • अगर कोई व्यक्ति को गर्दन में दर्द हो, या हृदय रोग से पीड़ित है , तो  उसे इस आसन को नही करना चाहिए.
  • कोई व्यक्ति पेट एवं कमर दर्द का Patient है, तो उसे योग चिकित्सक की सलाह पर ही यह आसन करना चाहिए.
  • वक्रासन करते समय शरीर के किसी भी अंग में दर्द हो, तो इसे नहीं करना चाहिए.इस आसन को आनंद पूर्वक धीमी गति से करें, शरीर को अधिक बोझ न दें.

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Benefits of Vakrasana in Hindi

वक्रासन के कुछ फायदें इस प्रकार है-

  • वक्रासन पाचन शक्ति को ठीक करता है और कब्ज, हृदय रोग, पेट से सम्बंधित कोई रोगों को दूर करता है.
  • Liver की समस्याओं, जैसे कि fat Liver को दूर करके लिवर को Health बनाता है और लिवर की कार्यक्षमता को बढाता है.
  • लिवर कमजोर होने के कारण body में फैट बढ़ते है, जिसके कारण मोटापा बढ़ता है. प्रतिदिन नियमित रूप से करने से मोटापा घटता है.
  • यह आसन High blood pressure के रोगियों के लिए अति उत्तम होता है. गर्दन का दर्द और कमर दर्द जैसे रोगों को दूर करता है.
  • Diabetes से पीड़ित रोगियों के लिए काफी लाभदायक है और पथरी रोग के लिए भी विशेष लाभप्रद है. वक्रासन नियमित रूप से करने से गुर्दे भी प्रभावित होते हैं तथा मेरुदंड को लचीला भी बनाता है.
  • महिलाओं एवं पुरुषों के गुप्त रोग दूर होते हैं. वक्रासन नियमित रूप से करने से शरीर हष्ट-पुष्ट और स्वस्थ रहता है. इसे प्रतिदिन करना चाहिए.

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Conclusion: Vakrasana Kaise Karte Hai?

तो फ्रेंड्स! बस यही है Vakrasana Full Information in Hindi. मुझे आशा है कि आपको यह आर्टिकल Vakrasana Kaise Karte Hai? अच्छा लगा होगा और अब आपको अच्छे से समझ में भी आ गया होगा कि Vakrasana Kaise Kare?

वक्रासन से सम्बंधित अगर आपके मन में किसी भी तरह का सवाल हो, तो आप हमें निचे Comment कर जरुर बताएं. अगर आप इसी तरह के और भी Health Blogs in Hindi पढ़ना चाहते है, तो आप हमें Follow कर सकते हैं.

अभी के लिए इतना ही, जल्द ही मिलेंगे किसी नए topic के साथ. Keep Reading… Keep Growing…


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