Group Discussion aur Debate me Kya Difference Hai? Debate vs GD in Hindi

2
37
Group Discussion vs Debate Differences in Hindi

डिबेट और ग्रुप डिस्कशन में क्या अंतर होता है?

Hi friends! क्या आपको पता है कि Group Discussion vs Debate me Kya Antar Hai? अगर आप एक स्टूडेंट हो और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं, तो आपने ग्रुप डिस्कशन और डिबेट के बारे में सुना ही होगा.

सामान्य नजरिये से देखा जाए तो दोनों में ही हमें किसी विषय पर चर्चा करनी होती है. लेकिन अगर दोनों का नाम अलग है, इसका मतलब कुछ तो अंतर जरुर होगा.

तो आज मैं आपसे इसी विषय पर बात करने जा रहा हूँ कि Group Discussion vs Debate me Kya Difference Hai? अगर आप भी GD vs Debate Differences in Hindi जानना चाहते हैं, तो यह आर्टिकल अंत तक जरुर पढ़ें.

Group Discussion Kya Hota Hai?

फ्रेंड्स, सबसे पहले हम यह जानते हैं कि आखिर ये Group Discussion Kya Hai? तो आमतौर पर 6-8 लोगों का एक समूह जब किसी एक विषय पर बातचीत करता है, उसे group discussion कहा जाता है.

Group Discussion vs Debate Kya Hai

  • इसमें हर शख्स किसी खास विषय पर अपना विचार रखता है.
  • ध्यान रखने वाली बात है कि उस विषय को लेकर आपका नजरिया क्या है? क्या आप उस विषय को नकारात्मक तरीके से देखते हैं या फिर सकारात्मक.
  • कुल मिलाकर यह देखने की कोशिश की जाती है कि आप जो भी बात रख रहे हैं, वो तार्किक है या नहीं? कहीं ऐसा तो नहीं कि आपकी बातें निराधार हैं?
  • क्या आप ग्रुप डिस्कशन के दौरान बाकि लोगों के साथ गुस्से में बात कर रहे हैं? क्या आप सिर्फ अपनी बात ही कह रहे हैं? दुसरे की बातें नहीं सुन रहे हैं? क्या आप कोई नया आईडिया दे पा रहे हैं या नहीं?

इन छोटी-छोटी बातों से किसी भी व्यक्ति को आपके बारे में एक ओवरव्यू मिल जाता है.

Debate Kya Hota Hai?

अब हम बात करते हैं कि Debate Kya Hai? डिबेट एक तरह की प्रतियोगिता होती है, जिसमें आमतौर पर बारी-बारी से कई सारे प्रतियोगी किसी विषय पर अपनी राय रखते हैं.

  • इसमें सब एक साथ किसी विषय पर अपनी राय नहीं रखते.
  • जिसको मौका मिलता है, वाही अपनी बात रखता है.
  • Debate में आप या तो विषय के पक्ष में बोलते हैं या विपक्ष में, जिसे अंग्रेजी में Favour & Against बोला जाता है.
  • डिबेट में भी अपनी बातें तार्किक तरीके से ही रखी जाती है और अपनी बातों को किसी अंजाम तक पहुँचाने की कोशिश की जाती है.

Group Discussion vs Debate Kya Hota Hai

Group Discussion vs Debate Differences in Hindi

ग्रुप डिस्कशन और डिबेट क्या होता है? इसके बारे में तो आपको एक ओवरव्यू मिल गया होगा. अब हम आते हैं अपने मुख्य मुद्दे की तरफ कि Group Discussion vs Debate me Kya Antar Hai?

  • सबसे पहले मैं आपको बता दूँ कि Group Discussion में एक ही समय में एक विषय पर कई लोग अपनी राय रखते हैं. लेकिन डिबेट में ऐसा नहीं होता.
  • डिबेट में किसी एक विषय पर एक समय में एक ही शख्स अपनी बात रखता है और निर्धारित समय में वह अपनी बात को तार्किक तरीके से अंजाम तक पहुंचता है.
  • ग्रुप डिस्कशन में विषय पर बहस होती है, आप किसी की बात को तार्किक तरीके से सबके सामने गलत ठहराने की कोशिश करते हैं, जिसके बचाव में सामने वाला भी अपने तर्क देता है.
  • ग्रुप डिस्कशन में दुसरे की बातें सुनकर आप उस पर तत्काल प्रतिक्रिया देते हैं, पर डिबेट में ऐसा नहीं होता.


Competition Exam me Group Discussion vs Debate ka Mahatva

आज के समय में आप कोई भी प्रतियोगी परीक्षा देते हैं, तो उसमें ग्रुप डिस्कशन और डिबेट का भी स्कोर मिलता है. लिखित परीक्षा को तो आप अच्छी तैयारी करके पास कर सकते हैं, पर ग्रुप डिस्कशन में ऐसा नहीं होता.

उसमें आपके बातचीत के तौर-तरीकों के आधार पर निर्णय लिया जाता है, तथ्यों और तर्कों के आधार पर आप अपनी बात कितनी मजबूती से रख पाते हैं, यह सबसे महत्वपूर्ण होता है.

आपको समय का भी ध्यान रखना पड़ता है. असल में एक निर्धारित समय में आप और आपके अलावा बाकी सदस्य भी अपनी बात रखते हैं, ऐसे में यह काफी अहम् हो जाता है कि आपने सारी बातें सदस्यों के सामने रखी या नहीं?

यही वजह है कि ग्रुप डिस्कशन के आधार पर कंपनी कुछ बातें देखती हैं. जैसे: किसी विषय के बारे में आप किस तरह से सोचते हैं? अपनी सोच को तथ्यों के साथ कितने तार्किक तरीके से रखते हैं? क्या आप निर्धारित समय में अपनी बात कह पाते हैं या नहीं?

Group Discussion vs Debate ki Taiyari Kaise Kare?

अब हम बात करते हैं कि ग्रुप डिस्कशन हो या फिर डिबेट, इन दोनों में अच्छा प्रदर्शन करने के लिए किन-किन बातों का ध्यान रखना चाहिए.

सबसे महत्वपूर्ण बात, Group Discussion की शुरुआत में आप अपनी बात रखने के लिए मौके का फायदा उठाते हैं या नहीं. क्या आप आगे बढ़कर leadership quality का प्रदर्शन कर पाते हैं या नहीं.

अगर आपने आगे बढ़कर लीडरशिप क्वालिटी दिखा दी तो फिर दुसरे सदस्य भी आपकी ही बातों को या तो गलत ठहराते नजर आयेंगे या फिर उसमें कुछ और बातें जोड़ते हुए नजर आयेंगे. यानि आगे की बातचीत आपके आईडिया पर हो रही है, जो कि ग्रुप डिस्कशन के लिए काफी अच्छा माना जाता है.



Group Discussion me Achchha Kaise Bole?

जब दूसरा कोई सदस्य बहुत ज्यादा समय ले रहा है अपनी बात रखने में, तो आप हस्तक्षेप करें, पर ध्यान रहे, उत्तेजित होकर नहीं. मौके के हिसाब से अपना कदम आगे बढ़ाएं.

  • जब बातचीत में माहौल गरम हो जाए और दुसरे सदस्य उत्तेजित होने लगे तो आप शांतिपूर्ण तरीके से डिस्कशन में फिर से हस्तक्षेप करें.
  • ध्यान यह भी रखें कि जब आप बात करें तो अच्छे शब्दों का इस्तेमाल करें.
  • कम में ज्यादा कहने की कोशिश करें.
  • अच्छे मुहावरे और उदाहरणों का इस्तेमाल करें.
  • कई बार जब आप अच्छी बातचीत कर रहे होते हैं तो कोई-न-कोई सदस्य आपको उकसाने की कोशिश करता है. हमेशा ध्यान रखें, उत्तेजित नहीं होना है आपको. बातचीत में जिस राह को आपने पकड़ा है उसको नहीं छोड़ना है.

कुछ इस तरह से अभ्यास करते-करते आप भी किसी भी विषय पर हो रहे group discussion या फिर debate में काफी अच्छा प्रदर्शन कर सकते हैं.

Conclusion: Group Discussion vs Debate me Kya Antar Hai?

तो फ्रेंड्स! बस यही हैं कुछ महत्वपूर्ण Group Discussion vs Debate Differences in Hindi. मुझे आशा है कि आपको यह आर्टिकल अच्छा लगा होगा और अब आपको यह भी अच्छे-से पता चल गया होगा कि Debate aur Group Discussion me Kya Difference Hai?

Group Discussion Kya Hai? Debate Kya Hota Hai? इनसे सम्बंधित अगर आपके मन में किसी भी तरह का कोई सवाल हो, तो निचे Comment कर जरुर बताएं. अगर आप इसी तरह के और Educational Blogs in Hindi पढना चाहते हैं, तो आप हमें follow कर सकते हैं.

अभी के लिए इतना ही, जल्द ही मिलेंगे किसी नए topic के साथ. Keep Reading… Keep Growing…


2 COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here