Technology

E-Kachra Kya Hota Hai? E-Waste ke Nuksan & Disposal in Hindi

E-waste Kya Hota Hai
Written by MN Hemant

Electronic Kachra: E-waste Kya Hota Hai?

Hi friends! क्या आपको पता है कि E-waste Kya Hota Hai? तकनीक का उपयोग बढ़ने के साथ electronic kachra यानि e-waste का निपटान एक बड़ी चुनौती बनता जा रहा है. यह न सिर्फ पर्यावरण, बल्कि सेहत के लिए भी बेहद हानिकारक है.

जब भी आपका कोई इलेक्ट्रॉनिक सामान खराब हो जाता है, तो आप तुरंत ही नया सामान ले आते हैं. बहुत सारे लोग तो ऐसे भी हैं, जो साल में दो-तीन बार मोबाइल बदल लेते हैं. इसी तरह आप कई electronics device upgrade करते रहते हैं यानि पुराने electronic device की जगह नया ले आते हैं.

यह तो सही है, पर पुराने device का आप क्या करते हैं? शायद आपके पास इसका जवाब नहीं होगा. पुराने इलेक्ट्रॉनिक सामान को ही e-waste कहा जाता है, जो आज पर्यावरण के लिए बहुत बड़ी समस्या बनता जा रहा है.

तो आज मैं आपसे इसी विषय पर बात करने जा रहा हूँ कि E-waste Kya Hota Hai? E-Kachra ke Nuksan Kya Hai और इसका ठिकाना हम कैसे लगा सकते हैं. अगर आप भी E-waste Full Information in Hindi के बारे में जानना चाहते हैं, तो यह आर्टिकल अंत तक जरुर पढ़ें.

E-Kachra Kya Hota Hai?

फ्रेंड्स, सबसे पहले हम यह जानते हैं कि electronic kachra यानि E-waste Kya Hota Hai? प्रत्येक electronic product का भी एक निश्चित जीवनकाल होता है, उसके बाद वह खराब होना शुरू हो जाता है.

हालाँकि कुछ प्रोडक्ट लम्बे समय तक चल जाते हैं. Product अगर खराब नहीं भी हुआ है तो समय के साथ पुराना होकर चलन से बाहर हो जाता है. ऐसे में जब कोई इलेक्ट्रॉनिक device खराब हो जाए, चलन से बाहर हो जाए या फिर उसे बदलने का समय हो जाए, तो वह एक तरीके का इलेक्ट्रॉनिक कचरा हो जाता है.

जैसा कि इलेक्ट्रॉनिक नाम से ही स्पष्ट है ऐसा कचरा, जो electronic सामान के अनुपयोगी होने से बना हो. जैसे – कंप्यूटर, लैपटॉप, मोबाइल फ़ोन, लैंडलाइन फ़ोन, प्रिंटर्स, फोटोकॉपी मशीन, इन्वर्टर, यूपीएस, एलसीडी, टेलीविज़न, रेडियो, डिजिटल कैमरा, स्मार्टवाच, मोबाइल चार्जर, डिजिटल थर्मामीटर, आदि.

E-waste Kya Hota Hai

E-waste का scientific तरीके से disposal होना जरुरी है. इसके अन्दर heavy metal होते हैं, जैसे – Mercury, Phosphorus, Arsenic, आदि. जब ये expose होते हैं, तो नमी व हवा के संपर्क में आकर पर्यावरण और मानव स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो जाते हैं. इसीलिए e-waste की re-cycling बहुत जरुरी है.

E-waste Disposal in India

विश्व में सबसे ज्यादा e-waste चीन में पैदा होता है, जबकि अमेरिका दुसरे और जापान तीसरे स्थान पर है. इस मामले में भारत चौथे स्थान पर आता है.

चीन से हर साल करीब 72 लाख टन e-waste निकलता है, जबकि अमेरिका से 63 लाख टन, जापान से 21 लाख टन और भारत से 20 लाख टन निकलता है. भारत में भी सबसे ज्यादा electronic kachra महाराष्ट्र से निकलता है.

भारत में कुल e-waste में अकेले महाराष्ट्र से 19.8 फीसद इ-कचरा निकलता है, वहीं 13.1 फीसद के साथ तमिलनाडु दुसरे नंबर पर है. इसके बाद तीसरा नंबर आन्ध्र प्रदेश का है, जहाँ 12.5 फीसद e-waste निकलता है. दिल्ली का स्थान छठा है.

इसके बारे में और अधिक जानकारी के लिए आप निचे दिए हुए YouTube Video को भी देख सकते हैं.



Disadvantages of E-waste Kya Hota Hai?

अगर हम E-waste ke Nuksan के बारे में बात करें, तो e-waste का नुकसान आपको प्रत्यक्ष तौर पर नजर नहीं आता है, लेकिन यह अप्रत्यक्ष रूप से हर रोज आपकी जिंदगी में जहर घोल रहा है.

हालाँकि आज भी देश में e-waste को लेकर लोग ज्यादा जागरूक नहीं हैं. इलेक्ट्रॉनिक कचरे को कूड़े में फ़ेंक देते हैं या फिर कबाड़ी को बेच दे देता हैं. जिस e-waste को आप कूड़े में फ़ेंक देते हैं, वह इतना नुकसानदायक है कि जमीन के साथ-साथ पानी तक को जहरीला कर देता है.

जिसे आप कबाड़ी को बेच देते हैं, उसमें से metal निकलने के बाद कबाड़ी उसे जला देते हैं, जिससे Lead, Cadmium, Beryllium, Lead Oxide, Mercury, Bromine & Sulphur जैसी गैसें निकलती हैं, जो जहरीली होती हैं. इसलिए कबाड़ी को e-waste देने से बचना चाहिए.

E-waste एक silent killer है. इसका समुचित निपटान न होने से कैंसर, अस्थमा, हाइपरटेंशन जैसी बीमारियाँ हो सकती हैं.

Disposal of E-waste Kya Hota Hai?

ई-कचरा क्या होता है? इसके क्या-क्या नुकसान हैं, ये सब जानने के बाद अब आपके में में एक सवाल जरुर होगा कि E-Kachre ka Disposal Kaise Kare?

E-waste को ठिकाने लगाने के कई तरीके हैं. जापान ने इस दिशा में काफी काम किया है. इसे वैज्ञानिक तरीके से recycle किया जा सकता है. खतरनाक component को साइंटिफिक तरीके से निकालकर उसे सही तरीके से dispose किया जाता है.

ई-कचरे की रीसाइक्लिंग के लिए secured land-filing, incineration, acid से metal recovery और reuse जैसे तरीके अपनाए जाते हैं. Secured land-filing में इ-कचरे को जमीन में दफना दिया जाता है. हालाँकि इसे वैज्ञानिक और सुरक्षित तरीके से दफनाया जाता है. ऐसा न होने की स्थिति में यह फिर जमीन, पानी में जहर घोल सकता है.

Incineration के तहत इ-कचरे को पूरी तरह से बंद चैम्बर में 900 से 1000 डिग्री के तापमान पर जलाया जाता है. Re-cycling में इलेक्ट्रॉनिक कचरे में से प्लास्टिक आदि को गलाकर फिर से उपयोग करने के लिए संरक्षित किया जाता है. इसी तरह reuse में उनकी फिर से मरम्मत कर उन्हें उपयोग लायक बनाया जाता है.



E-Kachra ka Niyantran Kaise Kare?

Central Pollution Control Board ने देश के हर राज्य में ऐसी एजेंसियों को अधिकृत किया है, जो सुरक्षित तरीके से e-waste का निपटारा करती हैं. https://cpcb.nic.in/e-waste/ पर इनकी पूरी लिस्ट देखी जा सकती है.

E-waste से निपटने के लिए कानून भी बनाया गया है, जिसके तहत इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बनाने वाली कंपनियों को खराब उपकरण वापस लेने की जिम्मेदारी दी गई है.

इसके अलावा, शहरों में कलेक्शन सेण्टर और हेल्पलाइन नंबर भी जारी करने की बात कही गई है, ताकि लोग इलेक्ट्रॉनिक कचरे को नियंत्रित कर सकें. घर में रखे छोटे अनुपयोगी इलेक्ट्रॉनिक सामान को स्टोर पर बने कलेक्शन सेण्टर में जमा कराना चाहिए.

Electronic waste को नियंत्रण करने, ठिकाना लगाने या अच्छे से dispose करने के सन्दर्भ में आप अपने पुराने ख़राब हुए electronic gadgets को ऐसे जगहों पर बेच सकते हैं, जहाँ पर second-hand या old products ख़रीदे जाते हैं. इसके अलावा आप जरुरतमंदों में भी अपने पुराने प्रोडक्ट्स को दान कर सकते हैं.

Conclusion: E-waste Kya Hota Hai?

तो फ्रेंड्स! बस यही है E-Waste Full Information in Hindi. मुझे आशा है कि आपको यह आर्टिकल E-Kachra Kya Hai? अच्छा लगा होगा. और अब आपको Electronic Waste ke Nuksan के साथ-साथ यह भी अच्छे-से पता चल गया होगा कि E-waste ka Disposal Kaise Kare?

E-waste Kya Hota Hai? इससे सम्बंधित अगर आपके मन में किसी भी तरह का कोई सवाल हो, तो निचे Comment कर जरुर बताएं. अगर आप इसी तरह के और Tech Blogs in Hindi पढना चाहते हैं, तो आप हमें follow कर सकते हैं.

अभी के लिए इतना ही, जल्द ही मिलेंगे किसी नए topic के साथ. Keep Reading… Keep Growing…


E-Kachra Kya Hota Hai? E-Waste ke Nuksan & Disposal in Hindi
4.7 (93.33%) 3 vote[s]

About the author

MN Hemant

MN Hemant is a Hindi Tech YouTuber and Blogger from Bokaro, Ranchi, Jharkhand of India. He is a Tech-Lover, heartly passionate about Smartphones, Gadgets and Future Technology.

1 Comment

Leave a Comment